नेहरू की विरासत पर कांग्रेस–भाजपा आमने-सामने: सोनिया गांधी के आरोपों पर सत्ताधारी दल का पलटवार
नेहरू को बदनाम करने की व्यवस्थित परियोजना का आरोप; भाजपा बोली—कांग्रेस इतिहास को राजनीतिक चश्मे से देख रही है
देश के पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू की विरासत को लेकर कांग्रेस और भारतीय जनता पार्टी के बीच एक बार फिर तीखा राजनीतिक टकराव छिड़ गया है। नेहरू सेंटर इंडिया के शुभारंभ कार्यक्रम में कांग्रेस की वरिष्ठ नेता सोनिया गांधी द्वारा लगाए गए आरोपों ने विवाद को और बढ़ा दिया है। सोनिया गांधी ने कहा कि सत्ताधारी दल नेहरू को बदनाम करने की “व्यवस्थित परियोजना” चला रहा है, जिसका उद्देश्य केवल उनके व्यक्तित्व को कमतर दिखाना नहीं, बल्कि उन सामाजिक, राजनीतिक और आर्थिक नींव को कमजोर करना है जिन पर स्वतंत्र भारत खड़ा हुआ।
सोनिया गांधी ने अपने संबोधन में कहा कि नेहरू को बदनाम करने का अभियान “इतिहास को फिर से लिखने का अशिष्ट और स्वार्थी प्रयास” है जिसे किसी भी रूप में स्वीकार नहीं किया जा सकता। उन्होंने चेतावनी दी कि ऐसा किया जाना देश की लोकतांत्रिक परंपराओं के लिए खतरनाक है।