ईरान में इंटरनेट बंदी के बावजूद जारी विरोध प्रदर्शन, अब तक 65 की मौत; खामेनेई ने ट्रंप को दिया जवाब

ईरान में इंटरनेट बंदी के बावजूद जारी विरोध प्रदर्शन, अब तक 65 की मौत; खामेनेई ने ट्रंप को दिया जवाब

khamenei warns of crackdown says protesters ruin their own streets https  www

नेशनल डेस्क।
ईरान में इंटरनेट और टेलीफोन सेवाएं बंद किए जाने के बावजूद विरोध प्रदर्शन थमने का नाम नहीं ले रहे हैं। सरकार की ओर से सख्त कार्रवाई की चेतावनी के बीच सोशल मीडिया पर प्रदर्शन से जुड़े कई वीडियो सामने आए हैं। देश की खराब आर्थिक स्थिति को लेकर दिसंबर के अंत में शुरू हुए इन प्रदर्शनों में अब तक कम से कम 65 लोगों की मौत हो चुकी है।

खामेनेई का अमेरिका पर तीखा हमला

ईरान के सरकारी टेलीविजन पर प्रसारित एक वीडियो में सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की चेतावनियों को सिरे से खारिज करते हुए अमेरिका पर गंभीर आरोप लगाए।
खामेनेई ने कहा,
“अमेरिका के हाथ ईरानी लोगों के खून से सने हैं।”

वीडियो फुटेज में उनके समर्थकों को “अमेरिका मुर्दाबाद” के नारे लगाते हुए देखा गया। सरकारी मीडिया ने प्रदर्शनकारियों को “आतंकवादी” करार दिया है।

हिंसक कार्रवाई की आशंका बढ़ी

ईरान में पहले भी विरोध प्रदर्शनों के दौरान हिंसक कार्रवाई होती रही है और मौजूदा हालात को देखते हुए एक बार फिर कठोर दमन की आशंका जताई जा रही है।
ईरान की न्यायपालिका के प्रमुख गुलाम हुसैन मोहसिनी-इजेई ने चेतावनी देते हुए कहा कि प्रदर्शनकारियों के खिलाफ बिना किसी कानूनी नरमी के निर्णायक और अधिकतम सजा दी जाएगी।

ट्रंप का बयान

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान में हो रहे शांतिपूर्ण प्रदर्शनों का समर्थन किया है। उन्होंने कहा कि अगर जरूरत पड़ी तो वह बल प्रयोग से भी पीछे नहीं हटेंगे
इस पर प्रतिक्रिया देते हुए खामेनेई ने तेहरान में समर्थकों को संबोधित करते हुए कहा कि
“प्रदर्शनकारी अमेरिका के राष्ट्रपति को खुश करने के लिए अपनी जिंदगी बर्बाद कर रहे हैं। उन्हें अपने देश की स्थिति पर ध्यान देना चाहिए।”

अर्थव्यवस्था बना विरोध की जड़

विशेषज्ञों का मानना है कि ईरान की खस्ताहाल अर्थव्यवस्था, महंगाई और बेरोजगारी इन विरोध प्रदर्शनों की मुख्य वजह हैं। सरकार और प्रदर्शनकारियों के बीच बढ़ता टकराव आने वाले दिनों में हालात को और गंभीर बना सकता है।