सर्दी और घनी धुंध से बचाव को लेकर सेहत विभाग फाजिल्का ने जारी की एडवाइजरी

सर्दी और घनी धुंध से बचाव को लेकर सेहत विभाग फाजिल्का ने जारी की एडवाइजरी

फाजिल्का।
डायरेक्टर सेहत विभाग पंजाब के दिशा-निर्देशों के अनुसार सेहत विभाग फाजिल्का की ओर से सर्दी और घनी धुंध के दौरान छोटे बच्चों, बुजुर्गों, लंबे समय से बीमार चल रहे मरीजों और गर्भवती महिलाओं के बचाव के लिए एडवाइजरी जारी की गई है। इस संबंध में जानकारी देते हुए सिविल सर्जन फाजिल्का डॉ. कविता सिंह ने कहा कि सर्दी के मौसम में यदि समय पर इलाज न करवाया जाए तो यह कई बार जानलेवा भी साबित हो सकता है।

उन्होंने बताया कि ठंड के कारण सांस संबंधी बीमारियों, दमा और अन्य स्वास्थ्य समस्याओं का खतरा बढ़ जाता है, इसलिए सावधानी बेहद जरूरी है। जिला एपिडिमोलॉजिस्ट डॉ. सुनीता कंबोज ने कहा कि सुबह और देर शाम या रात के समय घनी धुंध और अधिक ठंड होने के कारण घर से बाहर निकलने से बचना चाहिए, क्योंकि इससे हादसों का खतरा भी बढ़ जाता है।

सेहत विभाग ने लोगों को बंद कमरों में अंगीठी या आग जलाकर ताप न लेने की सलाह दी है, क्योंकि इससे निकलने वाली कार्बन मोनोऑक्साइड गैस ऑक्सीजन की कमी पैदा कर सकती है, जो सेहत के लिए बेहद खतरनाक हो सकती है। किसी भी तरह की स्वास्थ्य समस्या होने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करने की अपील की गई है।

जिला मास मीडिया और सूचना अधिकारी विनोद कुमार तथा दिवेश कुमार ने बताया कि इस मौसम में छोटे बच्चे ज्यादा बीमार पड़ते हैं, इसलिए उन्हें गर्म कपड़े, जूते-जुराबें और सिर ढककर रखना चाहिए। वहीं बुजुर्गों, दमा और सांस की बीमारी से पीड़ित मरीजों को अत्यधिक ठंड में बाहर निकलने से परहेज करना चाहिए।

सेहत विभाग ने लोगों को संतुलित और गर्म आहार जैसे सूप, चाय, कॉफी आदि लेने और शरीर में पानी की कमी न होने देने के लिए समय-समय पर गुनगुना पानी पीने की सलाह दी है।