जालंधर में नकली पुलिस नाका लगाकर वसूली की कोशिश, वीडियो बनते ही आरोपी फरार

जालंधर में देर रात बाइक रोककर चालान काटने के नाम पर हंगामा खड़ा हो गया। शक होने पर बाइक सवार युवकों ने जब वीडियो बनानी शुरू की तो खुलासा हुआ कि मौके पर लगाया गया नाका ही नकली है। लोगों की भीड़ बढ़ते और वीडियो बनते देख वर्दीधारी युवक और उसके साथ मौजूद दो युवक मौके से फरार हो गए। यह पूरा मामला पिम्स मेडिकल कॉलेज के सामने बनी मार्केट के पास सामने आया।
बाइक रोककर चाबी निकाली, चालान की बात कही
अर्बन स्टेट निवासी आकाशदीप सिंह ने बताया कि वह अपने दोस्त पवनदीप सिंह के जन्मदिन की पार्टी से बाइक पर घर लौट रहे थे। रात करीब साढ़े 10 बजे पिम्स मेडिकल कॉलेज के सामने मोड़ पर एक युवक पुलिस की वर्दी में और दो युवक सिविल ड्रेस में खड़े थे। उन्होंने हाथ देकर बाइक रुकवाई, बाइक की चाबी निकाली और कागजात मांगते हुए चालान काटने की बात कही।
मौके पर पैसे मांगने पर हुआ शक
आकाशदीप का आरोप है कि जब वर्दीधारी युवक ने चालान काटने के साथ-साथ मौके पर ही पैसे देने की बात कही, तो उसे शक हो गया। जब उसने पूछा कि वह किस थाने से है, तो वर्दीधारी युवक टालमटोल करने लगा। इसी बात को लेकर विवाद बढ़ गया।
शिवसेना नेता का गनमैन होने का आरोप
इसी दौरान आकाशदीप ने वर्दीधारी युवक को पहचानते हुए कहा कि उसने उसे पहले देखा है और वह किसी शिवसेना नेता का गनमैन रहा है। इसके बाद मौके पर हंगामा हो गया। आकाशदीप का आरोप है कि वही युवक पुलिस की आड़ में नकली नाका लगाकर अवैध वसूली करने की कोशिश कर रहा था।
थाने बदलता रहा जवाब
आकाशदीप के अनुसार, जब वर्दीधारी युवक से बार-बार पूछा गया कि वह किस थाने में तैनात है, तो उसने पहले थाना डिवीजन-7, फिर थाना डिवीजन-6 और बाद में खुद को स्पेशल स्टाफ का कर्मचारी बताया। जवाबों में विरोधाभास से शक और गहरा गया।
वीडियो बनते ही आरोपी फरार
जब आकाशदीप ने नकली नाका और ठगी के आरोप लगाते हुए वीडियो बनानी शुरू की, तो आसपास के लोग भी जमा हो गए। भीड़ बढ़ते देख वर्दीधारी युवक और उसके दोनों साथी बिना कोई चालान काटे मौके से फरार हो गए।
थाना-7 में पूछताछ, नहीं निकला पुलिस मुलाजिम
घटना के बाद आकाशदीप अपने साथियों के साथ थाना डिवीजन-7 पहुंचे, जहां जांच करने पर पता चला कि जिस युवक ने वर्दी पहनकर नाका लगाया था, वह उस थाने का कोई मुलाजिम नहीं है।
पुलिस कमिश्नर से शिकायत की तैयारी
आकाशदीप ने बताया कि वह इस पूरे मामले को लेकर सुबह विभिन्न संस्थाओं के साथ पुलिस कमिश्नर से मिलेंगे और लिखित शिकायत सौंपेंगे। उन्होंने मांग की है कि नकली पुलिस बनकर वसूली करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।