बीजेपी संगठन में बड़े बदलाव की तैयारी, नई टीम की घोषणा जल्द संभव
नई दिल्ली: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) अपने संगठनात्मक ढांचे में बड़े बदलाव की तैयारी कर रही है। सूत्रों के अनुसार, पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबिन ने अपनी नई टीम को लगभग अंतिम रूप दे दिया है। माना जा रहा है कि संगठन में होने वाले इस व्यापक फेरबदल की घोषणा सोमवार या फिर इसी सप्ताह के दौरान की जा सकती है।
सूत्रों का कहना है कि नई टीम के गठन में युवा नेताओं और महिलाओं को विशेष प्राथमिकता दी जा सकती है। पार्टी नेतृत्व संगठन में नई पीढ़ी को अधिक प्रतिनिधित्व देने के पक्ष में दिखाई दे रहा है, जिससे भाजपा के भीतर पीढ़ीगत बदलाव का संदेश भी जाएगा।
भाजपा की स्थापना 6 अप्रैल 1980 को हुई थी और नितिन नबिन को इसी वर्ष 19 जनवरी को पार्टी का 12वां राष्ट्रीय अध्यक्ष चुना गया था। उनके अध्यक्ष बनने के बाद से ही संगठन में व्यापक बदलाव और नई नेतृत्व टीम के गठन को लेकर चर्चा चल रही थी। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि यह फेरबदल पार्टी को भविष्य की चुनौतियों और नई पीढ़ी की अपेक्षाओं के अनुरूप ढालने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम हो सकता है।
धर्मेंद्र प्रधान और अन्य नेताओं की भूमिका पर नजर
राजनीतिक गलियारों में इस बात को लेकर भी चर्चा है कि नई टीम में किन वरिष्ठ नेताओं को जगह मिलेगी। विशेष रूप से धर्मेंद्र प्रधान की भूमिका को लेकर अटकलें लगाई जा रही हैं। इसके अलावा यह भी माना जा रहा है कि केंद्र सरकार में कार्यरत कुछ वरिष्ठ नेताओं को संगठन में अहम जिम्मेदारियां दी जा सकती हैं।
मोदी कैबिनेट में भी फेरबदल की संभावना
एक रिपोर्ट के अनुसार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मंत्रिमंडल में भी बदलाव की संभावना जताई जा रही है। बताया जा रहा है कि 15 अगस्त के बाद कैबिनेट विस्तार या फेरबदल पर निर्णय लिया जा सकता है। हालांकि इस संबंध में अभी तक कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है।
भाजपा का मौजूदा संगठनात्मक ढांचा
वर्तमान में भाजपा के संगठनात्मक ढांचे में शीर्ष स्तर पर चार सदस्यीय मार्गदर्शक मंडल है। इसके बाद 12 सदस्यीय संसदीय बोर्ड और 15 सदस्यीय केंद्रीय चुनाव समिति पार्टी के प्रमुख निर्णय लेने वाले निकायों के रूप में कार्य करते हैं।
पार्टी में वर्तमान समय में 11 राष्ट्रीय उपाध्यक्ष, 7 राष्ट्रीय महासचिव, 1 संयुक्त महासचिव, 11 राष्ट्रीय सचिव तथा विभिन्न मोर्चों के प्रमुख कार्यरत हैं। इसके अलावा मीडिया और वित्तीय प्रबंधन के लिए अलग-अलग पदाधिकारी नियुक्त हैं।
स्मृति ईरानी समेत कई नेताओं पर नजर
नई टीम के गठन को लेकर पूर्व केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी सहित कई वरिष्ठ नेताओं के नाम चर्चा में हैं। राजनीतिक पर्यवेक्षकों की नजर इस बात पर भी रहेगी कि पार्टी किन नए चेहरों को राष्ट्रीय स्तर पर जिम्मेदारी सौंपती है और किन वरिष्ठ नेताओं की भूमिका में बदलाव किया जाता है।
अब सभी की निगाहें भाजपा नेतृत्व की आधिकारिक घोषणा पर टिकी हैं, जिसके बाद संगठन के नए स्वरूप की तस्वीर स्पष्ट हो सकेगी।