सरकारी जमीन पर ‘होटल साम्राज्य’! 16 करोड़ में शामलाट सौदे का बड़ा खेल
जालंधर कैंट हल्के में नेशनल हाईवे के साथ लगती गांव की शामलाट जमीन पर कथित कब्जे का मामला सामने आया है। यहां करीब 120 मरले का नक्शा पास करवाकर 160 मरले में निर्माण किए जाने का आरोप है। बताया जा रहा है कि इस जमीन पर पीछे होटल और आगे कमर्शियल दुकानों का निर्माण तेजी से किया जा रहा है।
विश्वसनीय सूत्रों के अनुसार, कैंट हल्के में फाटक के नजदीक नेशनल हाईवे के साथ एक होटल का निर्माण इन दिनों जोर-शोर से चल रहा है। बताया जा रहा है कि इस प्रोजेक्ट का नक्शा बेस्ट पंजाब, चंडीगढ़ से 120 मरले के लिए पास करवाया गया, लेकिन निर्माण उससे कहीं अधिक क्षेत्र में किया जा रहा है।
सूत्रों का कहना है कि होटल के साथ लगती करीब 40 मरले शामलाट जमीन पर भी कब्जा कर लिया गया, जिससे कुल निर्माण लगभग 160 मरले में फैल गया है। आरोप है कि इस अतिरिक्त जमीन का कब्जा दिलाने के लिए करीब 16 करोड़ रुपये का लेन-देन भी हुआ।
बताया जा रहा है कि पीछे होटल और आगे कमर्शियल मॉल/दुकानों का निर्माण किया जा रहा है, जबकि दुकानों के लिए कोई अलग नक्शा पास नहीं हुआ। इसके बावजूद दुकानों की बिक्री भी शुरू कर दी गई है।
इस मामले में जब नगर निगम के अधिकारियों से बात की गई तो उनका कहना था कि अगर वहां होटल बन रहा है या उसमें शामलाट जमीन शामिल है तो बिना ऊपर से आदेश के निगम कोई कार्रवाई नहीं कर सकता। सूत्रों का दावा है कि पिछले करीब तीन साल से नगर निगम इस निर्माण की ओर देखने से भी कतरा रहा है।
इतना ही नहीं, आरोप यह भी है कि पीछे रेलवे लाइन की जमीन पर भी अतिक्रमण किया गया है।
अगली किश्त में बड़ा खुलासा
हम अपनी अगली रिपोर्ट में बताएंगे कि कौन है ओमप्रकाश, जिसने कथित तौर पर 40 मरले जमीन 16 करोड़ में बेची, और कौन-कौन सरपंच, पंच और स्थानीय राजनेता इस शामलाट जमीन के सौदे में शामिल बताए जा रहे हैं। साथ ही यह भी खुलासा होगा कि किन लोगों ने इन दुकानों की खरीदारी की है।